खांसी और छाती दर्द का इलाज के लिए पहुंचा था मरीज, डॉक्टर ने दिलवा दी 'Dog बाइट' की सुईं !
मोतीहारी में एक व्यक्ति चेस्ट पेन और खासी का इलाज कराने के लिए अस्पताल में पहुंचा था, लेकिन डॉक्टर साहब ने उन्हें डॉग बाइट यानी कुत्ते के काटने की सुईं दिलवा दी. जिसके बाद अब मरीज डरा हुआ है.

Motihari: डॉक्टर को धरती का भगवान माना जाता है. जिनके पार हर मरीज अपनी शारीरिक पीड़ा के साथ पहुंचते है ताकि डॉक्टर उनका इलाज सही ढंग कर दें. और वह पहले की तरह स्वास्थ्य होकर वापस घर लौटे. लेकिन कभी-कभी डॉक्टरों की लापरवाही से मरीजों को अपनी जान तक गंवा देनी पड़ती है. दरअसल, हम ऐसा इसलिए कह रहे हैं, क्योंकि कुछ ऐसा ही एक मामला बिहार के मोतिहारी जिले से सामने आया है जिसे सुनकर आपके होश उड़ जाएंगे.
वहीं इस मामला के सामने आने से बिहार सुशासन बाबू के सरकार में स्वास्थ्य विभाग का बदहाल स्थिति का पता चल रहा है, क्योंकि यहां कभी अंधेरे में टोर्च की रौशनी से ऑपरेशन किया जाता है तो कभी कंपाउंडर और गार्ड द्वारा ऑपरेशन करने का वीडियो लगातार सोशल मीडिया में वायरल होता रहता है लेकिन इस बार मामला कुछ दूसरा है. जो बिहार सरकार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे के विभाग का हाल बयां कर रहा.
पुर्जा देखकर ग्रमीणों के पैरों तले खिसक गई जमीन
बता दें, मोतीहारी में स्वास्थ्य विभाग अपने अजब-गजब कारनामा को लेकर हमेशा सुर्खियों में है. लेकिन इसबार मामला ही कुछ ऐसा है जिसे सुनकर आप दंग रह जाएंगे. दरअसल, एक व्यक्ति अस्पताल में पहुंचा था चेस्ट पेन और खासी का इलाज कराने के लिए, लेकिन डॉक्टर साहब ने उन्हें डॉग बाइट यानी कुत्ते के काटने की सुईं दिलवा दी. अस्पताल में सुईं लेने के बाद भी जब खांसी से आराम नहीं मिली तो मरीज ने अपना पुर्जा ग्रामीणों को दिखाया. जिसे देखकर ग्रामीणों के पैरों तले जमीन खिसक गई.
डॉग बाइट की सुईं मिलने से डर रहा मरीज
ग्रामीणों ने पुर्जा देखने के बाद मरीज को बताया कि उसे खांसी और छाती दर्द का नहीं बल्कि डॉग बाइट की सुईं मिली है. वहीं, मरीज अब किसी अनहोनी से डरा हुआ है कि डॉग बाइट सुईं से उसे कहीं कुछ न हो जाए. अब इसका ये पुर्जा और उसकी तस्वीर सोशल मीडिया में खूब वायरल हो रहा है जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला मोतीहारी जिले के संग्रामपुर पीएचसी का बताया जा रहा है. पुर्जा सोशल मीडिया पर खूब वायरल और ट्रोल हो रहा है. जितनी मुंह उतनी बात कही जा रही है.
इधर संग्रामपुर पीएचसी प्रभारी ने इसे किसी अस्पताल कर्मी द्वारा साजिश करने की बात कही और उस मरीज को अस्पताल में देखे जाने से भी इंकार किया जा रहा है. लेकिन इससे इतर पुर्जा पर उसे देखने वाले डॉक्टर का नाम डॉ पंकज कुमार लिखा दिख रहा है.
मरीज ने डॉक्टर से नहीं की थी कुत्ते के काटने की बात
बता दें, सोशल मीडिया पर वायरल पुर्जा के अनुसार, 28 नवंबर 2025 को रामकिशुन राम संग्रामपुर पीएचसी में चेस्ट पेन और खांसी का इलाज कराने के लिए गए थे .अस्पताल में 11.04 मिनट पर पुर्जा कटाया गया. पुर्जा पर डाक्टर पंकज कुमार अंकित है. पुर्जा पर मरीज कम्प्लेन में चेस्ट पेन व कफ लिखा हुआ है. वही पोरोविजनल डायग्नोसिस में डॉग बाइट लिखा हुआ है. पुर्जा के अनुसार मरीज को रैबीज का वैक्सीन 28 नवम्बर को पहला डोज दिया गया है. वहीं दूसरे डोज के लिए 1 दिसम्बर को बुलाया गया है.
इधर कफ व चेस्ट पेन की शिकायत ठीक नहीं होने पर मरीज द्वारा गांव में कुछ लोगों को पुर्जा दिखाया गया. पुर्जा पर डॉग बाइट की सुई होने पर मरीज डर गया. मरीज के अनुसार, उसको कुत्ता काटने की बात अस्पताल में कहा ही नहीं था. सिर्फ खांसी और सीने में दर्द की बातें कही थी.
डॉ ने कहा- अस्पताल कर्मियों द्वारा साजिश करने की बात
वहीं इस मामले में संग्रामपुर पीएचसी प्रभारी डॉ पंकज कुमार ने कहा कि अस्पताल कर्मियों द्वारा साजिश किया जा रहा है. मेरे नाम पर पुर्जा कैसे कटा और कौन मरीज को कफ व चेस्ट पेन में डॉग बाइट का सुई लिखा है. यह जांच का विषय है. साजिश करने वाले कर्मी पर कार्रवाई किया जाएगा. मरीज का शिकायत प्रखंड प्रमुख द्वारा भी किया गया था.
रिपोर्ट- प्रतीक सिंह









