Loksabha: प्रधानमंत्री मोदी ने गुरुवार को कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि सत्ता में रहते हुए उन्होंने जनता के कल्याण के लिए काम नहीं किया और उन्होंने एक गुजराती उपनाम भी चुरा लिया.
“आदतन चोरों ने तो गुजराती महात्मा गांधी का उपनाम भी चुरा लिया है: प्रधानमंत्री मोदी ने गांधी परिवार पर कटाक्ष करते हुए कहा. आप चाहे जितने नारे लगा लें, मेरी कब्र नहीं खोद पाओगे,” मोदी ने कहा.
उन्होंने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उसने कभी स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा नहीं दिया और खुद अपने स्टार्टअप को भी खड़ा नहीं कर पाई, जो राहुल गांधी पर एक स्पष्ट कटाक्ष था.
उन्होंने कहा, “देश ने कांग्रेस के प्रथम परिवार को दशकों तक अवसर दिया, लेकिन उन्होंने 'गरीबी हटाओ' जैसे नारों से लोगों को गुमराह किया. वे मोदी की कब्र खोदने की बात करते हैं, यह महज़ एक नारा नहीं है बल्कि मेरे प्रति गहरी नफरत को दर्शाता है.”
प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि कांग्रेस सोचती है कि प्रधानमंत्री का पद केवल 'शाही परिवार' के लिए है.
राहुल गांधी ने बाद में प्रधानमंत्री पर तंज कसते हुए कहा कि वे सवालों से डरते हैं. बाद में कांग्रेस ने राज्यसभा में मोदी के भाषण को "चुनावी रैली का भाषण" करार दिया और कहा कि उनका आत्ममुग्धता और "संवाद-बाजी और लोकलुभावन भाषणबाजी" पर उनका जुनून पूरी तरह से प्रदर्शित हुआ.
संचार प्रभारी कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि प्रधानमंत्री का भाषण "गालियों और हमलों, विकृतियों और नाटकीयता, इशारों और अपमानों से भरा हुआ था."








