गया में अब ‘पुलिस दीदी’ रखेंगी महिलाओं पर नजर! 70 बाइक-स्कूटी से स्कूल-कॉलेज से लेकर सुनसान इलाकों तक होगी पेट्रोलिंग
गया में महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा के लिए ‘पुलिस दीदी’ अभियान को मजबूत किया जा रहा है। महिला पुलिसकर्मी बाइक-स्कूटी से स्कूल, कॉलेज, बाजार और संवेदनशील इलाकों में पेट्रोलिंग करेंगी और जरूरत पर 112 की मदद उपलब्ध कराएंगी।


गया: महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए बिहार सरकार ने राज्यभर में 4,700 बाइक-स्कूटी उपलब्ध कराई हैं। इसी अभियान के तहत गया जिले को भी बाइक-स्कूटी उपलब्ध कराई गई हैं, जिनके जरिए महिला पुलिसकर्मी और महिला पदाधिकारी अब ‘पुलिस दीदी’ के रूप में थाना क्षेत्रों में पेट्रोलिंग करेंगी।
‘पुलिस दीदी’ का मुख्य फोकस उन स्थानों पर रहेगा, जहां महिलाओं और छात्राओं की आवाजाही अधिक होती है। इनमें स्कूल, कॉलेज, बाजार, मॉल और अन्य सार्वजनिक स्थल शामिल हैं। इसके अलावा सुनसान और संवेदनशील इलाकों में भी नियमित गश्त की जाएगी।
छेड़छाड़ करने वालों पर रहेगी पैनी नजर
महिला पुलिसकर्मी पेट्रोलिंग के दौरान छेड़छाड़, अभद्र टिप्पणी, महिलाओं के साथ हिंसा या अन्य आपत्तिजनक गतिविधियों पर नजर रखेंगी। ऐसे मामलों में जरूरत के अनुसार तत्काल कार्रवाई की जाएगी और संबंधित थाना को सूचना दी जाएगी। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं और छात्राओं के बीच सुरक्षा का भरोसा बढ़ाने के साथ-साथ सार्वजनिक स्थानों पर असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाना है।
स्कूल-कॉलेज जाकर छात्राओं से करेंगी संवाद
‘पुलिस दीदी’ सिर्फ पेट्रोलिंग तक सीमित नहीं रहेंगी। महिला पुलिसकर्मी स्कूल और कॉलेजों में जाकर छात्राओं एवं शिक्षकों से संवाद करेंगी। इस दौरान उनकी सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं और शिकायतों की जानकारी ली जाएगी। महिला पुलिसकर्मी छात्राओं को आपातकालीन सेवा 112 के बारे में भी जागरूक करेंगी, ताकि किसी भी संकट की स्थिति में वे तुरंत पुलिस की मदद ले सकें।
हॉटस्पॉट के हिसाब से होगी तैनाती
गया में उपलब्ध कराए गए वाहनों का वितरण थाना क्षेत्रों की जरूरत और चिन्हित हॉटस्पॉट के आधार पर किया गया है। कुछ थाना क्षेत्रों में दो से तीन बाइक-स्कूटी तक उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि महिला पुलिसकर्मियों की पेट्रोलिंग को अधिक प्रभावी बनाया जा सके। प्रशासन का लक्ष्य है कि महिला पुलिस की मौजूदगी को उन इलाकों तक बढ़ाया जाए, जहां महिलाओं और बच्चियों को सुरक्षा संबंधी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।

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