Liquor Scam: महेश शेंडगे, परेश अभेयसिंह ठाकोर और विक्रम सिंह ठाकोर को ACB कोर्ट ने दी डिफॉल्ट बेल
शराब घोटाला मामले में गिरफ्तार आरोपी कारोबारी महेश शेंडगे, परेश अभेयसिंह ठाकोर और विक्रम सिंह ठाकोर को ACB (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की विशेष कोर्ट ने बड़ी राहत प्रदान करते हुए डिफॉल्ट बेल दे दी है.

Liquor scam case : शराब घोटाला मामले में गिरफ्तार आरोपी कारोबारी महेश शेंडगे, परेश अभेयसिंह ठाकोर और विक्रम सिंह ठाकोर को ACB (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की विशेष कोर्ट ने बड़ी राहत दी है. मामले में इन तीनों आरोपियों को कोर्ट ने डिफॉल्ट बेल दे दी है. कोर्ट ने मामले गिरफ्तारी के 90 दिनों के भीतर चार्जशीट दाखिल नहीं होने के आधार पर इन्हें जमानत दी है.
बता दें, इन तीनों को एसीबी ने गुजरात के अहमदाबाद से पिछले साल (2025) अक्तूबर महीने में गिरफ्तार किया था. जिसके बाद सभी को न्यायिक हिरासत में होटवार स्थित बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार में रखा गया था. वहीं, गिरफ्तारी के बाद एसीबी ने इन तीनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल नहीं किया थी और इसीलिए इन्हें कोर्ट से डिफॉल्ट बेल दे दी गई.
ये तीनों (महेश शेंडगे, परेश अभेयसिंह ठाकोर और विक्रम सिंह ठाकोर) मेसर्स विजन हॉस्पिटलिटी सर्विसेज एंड कंसल्टेंट्स प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक हैं. इनके कंपनी को झारखंड के हजारीबाग, कोडरमा और चतरा जिले से मानव संसाधन प्रदाता के रुप में ठेका मिला था. इस दौरान उनकी कंपनी ने झारखंड में वर्ष 2022-23 में मैन पावर की सप्लाई की थी. लेकिन आरोप है कि एजेंसी को फर्जी बैंक गारंटी पेश कर ठेका दिलवाया गया.
रिपोर्ट- यशवंत कुमार
specializes in local and regional stories, bringing simple, factual, and timely updates to readers.
Related Posts

तोहफे में झाड़ू लेकर भी.. क्यों खुश नजर आ रहीं रांची मेयर रोशनी खलखो

OBC आरक्षण के साथ पहली बार झारखंड में पंचायत चुनाव, तय समय पर चुनाव कराने की झारखंड सरकार की तैयारी






