'CBI जांच की मांग पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा एक्शन!,' झारखंड नियुक्ति घोटाले में राज्य सरकार और JPSC-JSSC को नोटिस
कथित भर्ती अनियमितताओं की CBI जांच की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड सरकार समेत JPSC और अन्य पक्षों से जवाब मांगा। याचिका हरिशरण देवगन ने दायर की है।

Jharkhand Recruitment Scam : झारखंड में सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया में हुई कथित भारी गड़बड़ी और महाघोटाले के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। देश की सर्वोच्च अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए झारखंड सरकार, केंद्र सरकार, CBI, CID सहित JPSC और JSSC को नोटिस जारी करने का अहम आदेश दिया है। यह आदेश मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की विशेष पीठ ने हरिशरण देवगन की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए जारी किया।
CBI जांच की मांग पर अड़े याचिकाकर्ता, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
याचिकाकर्ता हरिशरण देवगन ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाकर पूरे भर्ती घोटाले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से कराने की गुहार लगाई है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकील ने अदालत के समक्ष मजबूती से पक्ष रखते हुए कहा कि राज्य में आयोजित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर धांधली और भ्रष्टाचार हुआ है। उन्होंने दलील दी कि राज्य के हजारों योग्य अभ्यर्थी सड़कों पर उतरकर निष्पक्ष CBI जांच के लिए लगातार आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन राज्य सरकार पूरे मामले में CBI जांच कराने के पक्ष में नहीं दिख रही है।
'पैसे लेकर बांटी गईं नौकरियां', 22 बहालियां पहले ही हो चुकी हैं रद्द
याचिका में गंभीर आरोप लगाते हुए कहा गया है कि JPSC और JSSC के जरिए कराई गई नियुक्तियों में भारी अनियमितताएं बरती गईं। रिश्वत और पैसों के दम पर अयोग्य अभ्यर्थियों को नियुक्त किए जाने की बातें सामने आई हैं। याचिका में इस बात का भी उल्लेख किया गया है कि राज्य स्तर पर चल रही CID जांच में मिली शुरुआती गड़बड़ियों के आधार पर सरकार खुद 22 नियुक्तियों को रद्द कर चुकी है, जबकि 6 भर्ती प्रक्रियाओं को स्थगित किया गया है। इसके अलावा पूर्व में संपन्न हो चुकी 17 अन्य नियुक्तियों को भी संदेह के घेरे में रखते हुए जांच के दायरे में लाया गया है।
CJI की पीठ ने मांगा सभी प्रमुख पक्षों से जवाब
मामले के तमाम पहलुओं और साक्ष्यों को सुनने के बाद CJI की अगुवाई वाली तीन सदस्यीय खंडपीठ ने राज्य सरकार, केंद्र सरकार, CBI, CID के साथ-साथ झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) को नोटिस जारी कर विस्तृत जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। सुप्रीम कोर्ट के इस दखल के बाद नियुक्ति प्रक्रिया की निष्पक्षता और CBI जांच की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों में नई उम्मीद जगी है।
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