"जान पर खेलकर लड़े, अब मिला सम्मान...", झारखंड में नक्सलियों से लोहा लेने वाले 37 पुलिसकर्मी प्रमोट, 12 दारोगा बने इंस्पेक्टर
झारखंड पुलिस मुख्यालय ने नक्सलियों और अपराधियों के खिलाफ बहादुरी दिखाने वाले 37 पुलिसकर्मियों को आउट ऑफ टर्न प्रमोशन दिया। 12 दारोगा इंस्पेक्टर बने, जबकि हवलदार और सिपाहियों को भी पदोन्नति मिली।

Jharkhand Police Promotion: झारखंड में नक्सलियों और खूंखार अपराधियों की गोलियों के आगे सीना तानकर खड़े होने वाले खाकी के जांबाजों के लिए पुलिस महकमे से एक बहुत बड़ी खुशखबरी सामने आई है। पुलिस मुख्यालय ने मैदान-ए-जंग में अदम्य साहस और बहादुरी दिखाने वाले 37 पुलिसकर्मियों को आउट ऑफ टर्न प्रोन्नति यानी प्रमोशन देने का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है। इस लिस्ट में दारोगा से लेकर एएसआई, हवलदार और सिपाही तक शामिल हैं, जिनकी दिलेरी की वजह से आज पूरे पुलिस महकमे का सिर फक्र से ऊंचा हुआ है।
DGP की बैठक के बाद मुहर, 12 दारोगा बने इंस्पेक्टर
इस बड़े फैसले पर मुहर DGP की अध्यक्षता में आयोजित हुई उच्चस्तरीय समिति की बैठक में लगाई गई, जिसके बाद पुलिस महानिरीक्षक (मानवाधिकार) की तरफ से प्रमोशन का आधिकारिक आदेश जारी किया गया। इस आदेश के तहत महकमे के 12 जांबाज दारोगाओं को तरक्की देकर सीधे इंस्पेक्टर का पद सौंपा गया है। प्रमोट होने वाले अधिकारियों में सुशील टुडू, प्रभात रंजन राय, फागू होरो, रामेश्वर भगत, सत्येंद्र कुमार सिंह, अर्जुन कुमार सिंह, शैलेंद्र कुमार सिंह, कुंदन कुमार, रौशन कुमार सिंह, विक्रांत कुमार, सदानंद सिंह और विश्वजीत कुमार सिंह शामिल हैं। इन सभी अफसरों ने विभिन्न नक्सल अभियानों और संगठित आपराधिक गिरोहों के खिलाफ बेहद निडरता से कार्रवाई की थी।
मुठभेड़ की तारीख से ही मिलेगी सीनियरिटी की सौगात
इस प्रोन्नति आदेश की सबसे खास और अनोखी बात यह है कि इन सभी 37 पुलिसकर्मियों को प्रमोटेड पद पर सीनियरिटी का लाभ उस दिन से मिलेगा, जिस तारीख को उन्होंने अपनी जान पर खेलकर बहादुरी की उस वारदात को अंजाम दिया था। यानी उन्हें बैकडेट से वरीयता का पूरा फायदा दिया जा रहा है। हालांकि, बढ़े हुए वेतनमान का आर्थिक लाभ उस दिन से मिलना शुरू होगा, जिस दिन वे नए पद पर अपना योगदान देंगे। पुलिस मुख्यालय ने रांची, गुमला, सिमडेगा, खूंटी और हजारीबाग के SSP, SP और कमांडेंट को इन सभी जवानों का जल्द से जल्द समायोजन सुनिश्चित करने का कड़ा निर्देश जारी कर दिया है।
हवलदार और सिपाहियों की भी चमकी किस्मत
मुख्यालय ने न सिर्फ बड़े अफसरों, बल्कि जमीन पर रहकर जंग लड़ने वाले हवलदारों और आरक्षियों (सिपाहियों) की दिलेरी को भी सलाम किया है। रांची, गुमला, सिमडेगा, खूंटी और हजारीबाग जिलों में तैनात कई हवलदारों को ASI के पद पर और आरक्षियों को हवलदार के पद पर प्रमोट किया गया है। इनमें से कई जांबाजों को भी बैकडेट से वरीयता और पदोन्नति की सौगात मिली है। इस आदेश के बाद से ही पूरे झारखंड पुलिस विभाग और इन वीर जवानों के परिवारों में जश्न और खुशी का माहौल बना हुआ है।
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