Giridih: जीएसटी के स्लेब में बदलाव कर राहत देने के बाद कारोबारियों में उम्मीद जगी है कि संभवतः इस बार धनतेरस में मां लक्ष्मी और भगवान कुबेर का आशीर्वाद बाजार पर बरसेगा. गिरिडीह के कई कारोबारियों ने Naxatra News से खास बातचीत की और इस दौरान सभी ने अपने-अपने राय रखें.
मोंगिया ग्रुप के सीएमडी डॉ.गुणवंत सिंह मोंगिया ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था अब रफ्तार पकड़ रहा है. लोगों का क्रय शक्ति तेजी से बढ़ा है. लोग इतना कमा रहे है और समझ भी रहे है की कहा पैसे लगाना उचित है. पैसे कमाने के लिए मेहनत करना होगा. जिसे उसका रिटर्न समय पर मिल सके. बस लोग सही जगह निवेश करें, तो उन्हें अहसास होगा की आज के दौर में निवेश करना किसी तरह का जोखिम नहीं है. लोग देश में घूम रहे है. विदेश जा रहे है. तो इसका कारण लोगों का क्रय शक्ति बढ़ना है.
गिरिडिह के प्रदीप सेल्स ग्रुप के चेयरमैन प्रदीप अग्रवाल ने कहा कि जीएसटी 2 का असर इस बार उम्मीद है कि गिरिडीह में दिखेगा. हालांकि इस बार बारिश के कारण अभी कुछ दिनों से बाजार में खरीदार कम जरूर है. लेकिन धनतेरस तक रौनक आने की उम्मीद है. जीएसटी में मिले राहत के साथ राज्य सरकार के मंईयां सम्मान योजना भी एक बड़ा कारण है कि लोग खरीदारी करने घरो से बाहर निकलेंगे. ये सही है कि गिरिडीह के बाजार में आर्थिक चोट का असर दिख रहा है क्योंकि उसका कारण बाजार में राजस्व का कमी है.
किसना जेवर शोरूम के डायरेक्टर स्वेता बगेडिया ने कहा कि निश्चित तौर पर जीएसटी स्लेब में बदलाव का प्रभाव गिरिडीह में धनतेरस के कारोबारों में दिखेगा, क्योंकि सोने और चांदी के कारोबार में निवेश करना लोग सुरक्षित मानते है. लिहाजा, इस बार धनतेरस में व्हिकल, ऑटोमोबाइल सेक्टर के साथ इलेक्ट्रिक कि ख़रीदारी का ज़ब बचत होगा, तो लाजिमी है कि लोग सुरक्षित निवेश के लिए सोने और चांदी के जेवरों के क्रय में सारा ध्यान लगाने वाले है.
आरबी ज्वेलर्स शोरूम के डायरेक्टर उदय भदानी ने कहा कि इस बार का धनतेरस का कारोबार हर सेक्टर के लिए बेहतर रहेगा, ये तय है. धनतेरस के साथ लोग समान्य दिनों में भी सोने और चांदी में निवेश करना शुभ मानते है. क्योंकि वो जानते है कि ज़ेवर के दाम में अधिकांश समय चढ़ता ही है. इसलिए महिलाएं सोने और चांदी के ज़ेवर को खरीदते है.
रिपोर्ट- मनोज कुमार पिंटू








