चतरा में बरसाती नाले के तेज बहाव में बहे वनरक्षक, बन्हा चेकडैम के पास मिला शव
चतरा जिले के मयूरहंड थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां हुसिया पंचायत के करकरा गांव निवासी 45 वर्षीय वनरक्षक (फॉरेस्ट गार्ड) राजकुमार भुइयां की बरसाती नाले में बहने से मौत हो गई।


Chatra: चतरा जिले के मयूरहंड थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है, जहां हुसिया पंचायत के करकरा गांव निवासी 45 वर्षीय वनरक्षक (फॉरेस्ट गार्ड) राजकुमार भुइयां की बरसाती नाले में बहने से मौत हो गई। मंगलवार दोपहर से लापता वनरक्षक का शव बुधवार सुबह करीब 8 बजे बन्हा चेकडैम के पास से बरामद कर लिया गया। इस दर्दनाक हादसे की खबर मिलते ही मृतक के परिवार में कोहराम मच गया और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।
जंगल की निगरानी के दौरान अचानक आई बाढ़ की चपेट में आए
जानकारी के मुताबिक राजकुमार भुइयां पचमु जंगल में बतौर वनरक्षक तैनात थे। मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे वे रोजाना की तरह जंगल की देखरेख और गश्ती के लिए निकले थे। इसी दौरान जंगल के रास्ते में पड़ने वाले एक बरसाती नाले को पार करते समय वे अचानक आए पानी के तेज सैलाब की चपेट में आ गए और बह गए। काफी देर तक उनके वापस न लौटने पर जब खोजबीन शुरू की गई, तो नाले के किनारे उनकी चप्पल, छाता और कुल्हाड़ी लावारिस हालत में मिली, जिससे अनहोनी की आशंका गहरा गई।
24 घंटे की तलाश के बाद मिला शव, सदर अस्पताल में कराया गया पोस्टमार्टम
बुधवार सुबह स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों ने बन्हा चेकडैम के पास पानी में उनका शव उतराता देखा, जिसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने शव को पानी से बाहर निकलवाकर अपने कब्जे में लिया और पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम के लिए चतरा सदर अस्पताल भेज दिया।
परिजनों को मिलेगा 4 लाख रुपये का सरकारी मुआवजा
घटना की जानकारी मिलते ही मयूरहंड के अंचलाधिकारी (CO) मनीष कुमार ने पीड़ित परिवार से मिलकर संवेदना व्यक्त की। उन्होंने आश्वासन दिया कि पोस्टमार्टम और पुलिस की आधिकारिक रिपोर्ट मिलते ही सरकारी प्रक्रिया को तेजी से पूरा कराया जाएगा। इसके तहत मृतक के आश्रितों को आपदा प्रबंधन विभाग के नियमों के अनुसार 4 लाख रुपये की अनुग्रह राशि (मुआवजा) प्रदान की जाएगी।

specializes in local and regional stories, bringing simple, factual, and timely updates to readers.









