भरनो के तुरीअम्बा में नदी में डूबने से 6 वर्षीय छात्रा की मौत, शिक्षकों पर लापरवाही का आरोप
भरनो के एक स्कूल की 6 वर्षीय छात्रा की नदी में डूबने की वजह से मौत हो गई. बच्ची के घरवालों ने स्कूल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है. इलाके में मातम पसरा हुआ है.

Gumla News : भरनो थाना क्षेत्र के बड़ा तुरीअम्बा गांव में शनिवार को एक दर्दनाक हादसे में छह वर्षीय छात्रा की नदी में डूबने से मौत हो गई. घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है. मृतक छात्रा की पहचान बड़ा तुरीअम्बा निवासी राजेश महतो की पुत्री पिंकी कुमारी (6 वर्ष) के रूप में हुई है. वह अपग्रेड प्लस टू हाई स्कूल तुरीअम्बा में कक्षा एक की छात्रा थी.
प्राप्त जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह राजेश महतो अपनी दो बेटियों को स्कूल छोड़कर घर लौट आए थे. बताया जाता है कि विद्यालय संचालन के दौरान ही तीन बच्चियां स्कूल से कुछ दूरी पर स्थित तुरीअम्बा, मसिया नदी की ओर चली गईं. इसी दौरान पिंकी कुमारी नदी के गहरे पानी में चली गई और डूब गई.
कुछ देर बाद ग्रामीणों को घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद खोजबीन शुरू की गई. ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद बच्ची को नदी से बाहर निकाला. उस समय वह स्कूल ड्रेस में ही थी. घटना के बाद परिजन और ग्रामीण तत्काल बच्ची को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भरनो लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया. बच्ची की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया.
घटना से आक्रोशित परिजनों ने विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों पर लापरवाही का आरोप लगाया है. परिजनों का कहना है कि स्कूल अवधि के दौरान बच्ची विद्यालय परिसर से बाहर कैसे चली गई, इसकी जवाबदेही शिक्षकों की है. उन्होंने मामले की जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है.
वहीं इस संबंध में विद्यालय के प्रधानाध्यापक बलबीर तिग्गा ने बताया कि विद्यालय में पहली से पांचवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए दो शिक्षक कार्यरत हैं. शिक्षकों के अनुसार पिंकी कुमारी टॉयलेट जाने की बात कहकर कक्षा से बाहर निकली थी. उन्होंने बताया कि विद्यालय परिसर में चारदीवारी (बाउंड्रीवॉल) नहीं है, जिसके कारण बच्चे कभी-कभी बाहर निकल जाते हैं. आशंका है कि इसी दौरान बच्ची नदी की ओर चली गई और हादसे का शिकार हो गई.
इधर घटना की सूचना भरनो थाना पुलिस को दे दी गई है. पुलिस मामले की जांच में जुट गई है. ग्रामीणों ने स्कूल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने तथा चारदीवारी निर्माण की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो. इस हृदयविदारक घटना ने विद्यालयों में बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं.
(गुमला से दीपक भास्कर की रिपोर्ट)
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